चाँद को क्या मालूम -- मुकेश जी का ये गीत आज मेरे स्वर में....
१९९७ में पहली बार श्री बी एन तिवारी जी ने मुझे प्रेरित किया और पटना के बोरिंग रोड में चार ट्रैक के एक स्टूडियो में मैंने हिन्दी फिल्मो के १२ गीत अपनी आवाज़ में रिकार्ड कराए थे...
उन्हीं गानों में एक गीत ये भी था ....
किन्तु , यह अभी प्रस्तुत गीत मैंने अपने रिकार्डिंग स्टूडियो में मार्च २००१३ रिकार्ड किया ... आपभी सुनें और बताएं कैसा है ये गीत मेरे स्वर में ..........
Aravind Pandey
BAHUT SUNDER, ATI SUNDER
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